उल्टे रामपुर आज़म को.. कलियुग का गीता ज्ञान
धर्म परिवर्तन के नाम पर सियासतदानों ने सालों
अपनी रोटियां सेंकी हैं.. कई बार धर्म औऱ ध्रुवीकरण की राजनीति के चक्कर में
निर्दोषों की जान गई है.. आम लोगों को साल के किसी भी महीने में अप्रैल फूल बनाकर..
अपना हित साधने वाले राजनीतिज्ञों को आज जनता ने गीता ज्ञान दे दिया है.. भगवा और
टोपी का इस्तेमाल करने वालों को इस बार रामपुर वालों ने ऐसा पाठ पढ़ाया है.. कि
आने वाले उत्ता परदेस चुनावों पर भूखे गिद्धों की पारखी नजर को अब अपना पुराना
चश्मा उतार कर.. नया नजरिया अपनाना पड़ेगा..
रामपुर में समाजवादी पार्टी और उत्ता परदेस के
अति महत्वपूर्ण लोगों में से एक आजम खान से खौफजदा लोगों ने अपना घर बचाने के लिए
वो कर डाला.. जो शायद ही कभी राजनीति के तुर्रमखां माननीय आजम खान ने सपने में भी
सोचा होगा.. खबरों के मुताबिक.. रामपुर में सालों पुरानी वाल्मीकि बस्ती के कुछ
लोगों से घर खाली करने के लिए कह दिया गया था.. इनका आरोप है कि कुछ लोगों का घर
केवल धर्म के आधार पर बख्श दिया गया.. रामपुर आजम खान का गढ़ है.. लिहाजा मजबूर
होकर इन लोगों ने अपना घर बचाने की एक अलग कोशिश की,.. हालांकि सरकार का तर्क है
कि इन लोगों ने घर सरकारी जमीन पर अतिक्रमण करके बनाया गया है.. लेकिन सरकार का
तर्क इन लोगों के एक कदम से गायब हो गया.. और इनका घर न तोड़ने के ऑर्डर जारी कर
दिए हैं..
ये लोग वाल्मीकि समाज से हैं.. औऱ इन्होने उत्ता
परदेस और देश की राजनीति से सबक लेते हुए.. राजनीतिज्ञों को उनकी ही गोली वापस
खिला दी.. वाल्मीकि समाज के लगभग 800 लोगों ने बिना किसी मौलाना के इस्लाम कबूल
करने की घोषणा कर डाली.. इस्लाम धर्म के मुताबिक टोपी पहनकर पैगम्बर को मानने का
एलान कर दिया.. औऱ अपना घर बचाने के लिए आमरण अनशन पर बैठ गए..
ध्रुवीकरण के लिए दंगों का उत्तर प्रदेश का
इतिहास रहा है...अनशन और आंदोलन से कैसे गद्दी तक पहुंचते हैं.. ये दिल्ली की
गद्दी चिल्ला-चिल्लाकर बता रही है.. और इसी का एक बेहद असरदार कॉकटेल बनाते हुए..
रामपुर के लोगों ने अखिलेश सरकार को पिलाकर.. एक नजीर पेश कर दी है.. जिसके बाद
शायद.. अब धर्म के नाम पर सियासत करने वालों को संक्षेप में गीता ज्ञान जरूर मिल
गया होगा.. अगर नहीं मिला होगा.. तो मेरा सविनय निवेदन अखिलेश यादव जी से दिल्ली
के इतिहास औऱ वर्तमान पर नजर डालने का होगा.. बाकी सबका मालिक एक है.. औऱ वो कहां
है इसकी खोज हर धर्म कर रहा है..

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